Saturday, 13 August 2016

मैं सबका प्यारा हिन्दूस्तान

आज मैं आजाद हूँ
लोग आजादी का जश्न मनाने की तैयारी में है
सारे गली- सडक पर तिरंगा फहराया जाएगा
मिठाई बटेगी ,प्रभात फेरी निकलेगी
विद्यालय ,महाविद्यालय से लेकर मंत्रालय तक
हर जगह जश्न ही जश्न
लाल किले से प्रधानमंत्री राष्ट्र के नाम संदेश देगे
हर राज्य के मुख्यमंत्री और नेतागण झंडावंदन करेंगे
क्या अमीर क्या गरीब ,क्या धर्म क्या जाति
सब भेद खत्म आज

यह आजादी इतनी सस्ती नहीं थी
लोगों ने अपने प्राण गवाए
स्वंय गिरे पर तिरंगा को न गिरने दिया
हर किसी का योगदान था
बूढे ,बच्चों से लेकर घर की औरतों तक का
हर मजहब और जाति का
हर भाषा और प्रांत का
१८५७ से शुरू हुआ १९४७ में खत्म हुआ

जश्ने आजादी के बाद ही यह मेरी विडंबना
कि मेरे बेटे आपस में ही झगडने लगे.
विभाजन का दंश सहना पडा
गॉधी की हत्या हुई
लेकिन फिर भी मैं हारा नहीं
सवंर कर फिर खडा हुआ
विकास के रास्ते पर ,प्रगतिपथ पर

इसी बीच मुझे पडोसियों से युद्ध भी करना पडा
उसका भी मैंने सामना किया
१९६५ को छोडकर हमने हर बार जीत हासिल की
दूसरे पर निर्भर रहने वाला मैं सशक्त हुआ
कल- कारखाने से लेकर मंगल यान तक का सफर
योग से लेकर आयुर्वेद तक
हर जगह परचम पहराया
मेरे बच्चें दूनियॉ का हर कोने में पहुँचे
अपनी काबिलियत का लोहा मनवाया
क्म्युटर से लेकर डिजीटल बनने की तैयारी जारी

पर अब भी कुछ कमी है .
जाति और धर्म के नाम पर झगडे
भ्रष्टाचार का बोलबाला
आंतकवाद और नक्सलवाद से ग्रस्त
बलात्कार और लूटपाट ,अपराध से त्रस्त
अस्वच्छता और गढ्ढो तथा दुर्घटना का बढना

मैं इन सब बुराइयों से मुक्त होना चाहता हूँ
पहले मेरे बच्चों ने देश के लिए अपनी जान दी
आज वह देश के लिए जीना सीखे
उसे अच्छे से अच्छा बनाए
दुनियॉ के शिखर का चमकता सितारा बनाए
फिर से सोने की चिडियॉ कहलाए

इस स्वतंत्रता दिवस पर हर नागरिक अपने कर्तव्य का ईमानदारी से पालन करने का संकल्प ले
तभी तो इकबाल की पंक्तियॉ सार्थक होगी
" यूनान ,मिस्र ,रोमा सब मिट गए जहॉ से
कुछ बात है कि हस्ती मिटती नहीं हमारी
सारे जहॉ से अच्छा हिन्दूस्तान हमारा ".

Wednesday, 10 August 2016

मोदी जी आप आपको गोली नहीं विकास करना है

मारना है तो मुझे गोली मारो ,यह कथन है प्रधानमंत्री नरेन्द्र दामोदर दास मोदी का
आपकी जान इतनी सस्ती नहीं है
गोली खाने के लिए नहीं विकास के पथ पर ले जाने के लिए है आपका जीवन
जनता की आशा और विश्वास है आप
जनता की अपेक्षा पर खरा उतरना है आपको
गोली खाना नहीं बल्कि दलित अत्याचार को रोकना है
गौ रक्षा के नाम पर हो रहे अन्याय को बंद करना है
हिन्दू - मुस्लिम विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा
कश्मीर की समस्या सर उठा रही है
सारे देश का माहौल बिगड रहा है
इस चिंगारी को भडकने के पहले ही खत्म कर. दिया जाय
वैष्णव जन तो तेने कहिए और हरिजन कहने वाले गॉधी के और आपके भी गृह प्रदेश गुजरात से शुरू हुई यह ज्वाला पूरे भारत को अपनी चपेट में न ले ले
सबका साथ सबका विकास को लेकर आगे बढिए
विकास के पथ पर भारत को ले जाना है
विनाश के पथ पर नहीं
विश्व विजेता बनना है और चमकता सितारा बनकर उभरना है देश को
यह सब तभी संभव होगा कडे कदम उठाए जाय
बिना किसी लाग - लपेट के
बुराई को खत्म किया जाय
इन समाजकंटकों को पनपने के पहले ही खत्म किया जाय
और यह सब आपको करना है

ऊपर वाला असली बाजीगर

मत घबरा बन्दे ,कर ले वक्त का इंतजार
बहारे फिर भी आएगी ,खुशियॉ फिर भी छाएगी
सब कुछ है अस्थाई तो दुर्भाग्य क्यों रहेगा स्थाई
ईश्वर के है खेल निराले ,कब करवट ले वक्त
आज का दुर्भाग्य कल का सौभाग्य
कौन जाने उसकी मंशा को
किस हेतू किसका जन्म हुआ
बुद्धि न चले ,मनस्थिती बिगडने लगे
तब कर ले स्मरण उसका
सारे चैनल बंद हो जाय ,सब कुछ धुंधला जाय
तो छोड दे रिमोट उसके हाथ
वह चाहे तो सफलता कदमों को चूमेगी
हार ,जीत में तब्दील हो जाएगी
फर्श से अर्श पर पहुँच जाएगा.
भाग्य और भगवान के बीच है इंसान
कर्म करना तो हमारे हाथ में
पर कर्म का लेखाजोखा उसके हाथों में
कर्म और भाग्य में कौन बाजी मारेगा
यह तो जानता है बस ऊपर बैठा बाजीगर

Sunday, 7 August 2016

दोस्त अनमोल और दोस्ती वरदान है

दोस्ती एक सुकुन है भरोसा है
विश्वास है ,आधार है
दोस्ती एक मुस्कान है
दोस्त वह दिल के करीब होता है
हमेशा आस पास होता है
हर पल साथ होता है
हर गम का राजदार होता है
हर सुख का भागीदार होता है
न कोई बनावट न कोई दिखावट
न कोई बडा न कोई छोटा
न अमीर न गरीब
जात - मजहब से परे बस दोस्त होता है
मुश्किलों में साथ दे
गुस्से को नजरअंदाज करें
झिडकियॉ खाकर भी हँसे
कुछ भी हो पर किसी की बात में न आए
जमाना कुछ भी कहे पर दोस्त को न छोडे
हर तूफान में डटे रहे,साथ निभाए
बहुत न हो पर एक ही हो
पर हो वह सच्चा
सबसे पहले अपना
फिर तो हर मुश्किल आसान
जब दोस्त हो अपने साथ.